- Get link
- X
- Other Apps
दोस्त मेरा नाम खुशी कुमारी हैं मैं मेडिकल स्टूडेंट हूँ 36 30 36 का मेरा मस्त फिगर है और एकदम शड्यूल जिस्म | मैं बाईस साल की हूँ अपनी मस्त जवानी पर खुद फ़िदा हूँ तो चलो अब आपका भी खड़ा करती हूँ अब बात कहती हूँ अपनी कहानी की करीब तीन साल पहले मैं एक लड़के से मिली थी जो बेहद स्मार्ट और डिसेंट बंदा है जो 23 साल का है उसका फेयर कलर हे वो मेरे घर के पास में ही रहता है हम फेसबुक पर दोस्त बने धीरे धीरे अच्छे दोस्त बन गए हमारे नंबर एक्सचेंज हो गए पता ही नहीं चला की हम प्यार में कब डूब गए हमारी जब फर्स्ट मुलाकात हुई तब हम लोगों ने खुब बात की खुब चुंबन किये चॉकलेट किश भी किये है तभी मेरा हाथ उसकी जांघों से टकरा गया और उसके मेन पॉइंट पर चला गया मैं सच बोलती हूँ की वो मुझे कोई गर्म लोहे की रॉड लग रही थी फिर मेने बहाने से बार बार उसे दबाना शुरू कर दिया वो तो शर्म कर पानी पानी होता जा रहा था पर मैं इतनी तेज की फटाक से चेन खोलकर मैने उसका लंड देख लिया मैने बाहर निकाला एकदम कड़क, सीधा, फुलटाइम, गर्म, मोटा लगभग 7 से 8 इंच लंबा और कलाई में तकरीबन 4 इंच मोटा जब बाहर आया तो ऐसा लगा किसी मोटे शाप को बिल से निकाल दिया हो एकदम लाल टोपा और एकदम पिंक खाल उसे देखते ही मेरे मुँह से निकला waw कितना सुन्दर है मैने उसको अपने हाथों से लेकर अपने चुत पर रख दिया और कहने लगी बहुत सैक्स चैट की है ना मेरे साथ अब सिरियसली छूकर देखो उसने तो किसी लड़की को ऊँगली भी नहीं छुई वो शर्म से लाल हो गया पर मुझसे रहा नहीं गया और मैं उसको पार्क की झाड़ियों के पीछे ले गए उधर पहले उसको अपने मुमे खोलकर दिखा दिए है आखिर कब तक शर्माता वो वह झटके से भूखे शेर की तरह मेरा आम चूसने लगा |
किया फीलिंग थी अभी भी वो सीन याद आता है तो पेंटी गीली हो जाती है फिर हम लोग वहाँ से आ गए बस मन कर रहा था कि जल्दी से काम निपटाकर उसके बारे में सोचू अब मैं हर दिन उसके साथ सेक्स के सपने देखने लगी और पूरी गीली होने लगी एक दिन मेरे फ्रेंड के यहाँ पार्टी थी उसने सबको बुलाया सबके मॉम डैड बाहर थे घर पर कोई नहीं था हम लोगों ने उसके घर पर पूरी रात रुकने का सोच लिया था हम थोड़ी देर तक पार्टी में मस्त रहे कोल्ड ड्रिंक्स वग़ैरह पीते रहे हो और पार्टी चलती रही कि हम उसके मॉम डैड के कमरे में आ गए |
मेने उस दिन टॉप पहना था एकदम तयार होकर आयी थी अपने लवर के लिए | मैं थोड़े भरे हुए जिस्म की हूँ सीखनी नहीं हूँ और एकदम टाइट टाउजर पहनने से मेरे बम साफ नजर आ रहे थे पैंटी लाइन भी साफ दिख रही थी जो पिंक कलर की थी हम जैसे ही कमरे में घुसे उसने दरवाजा बंद किया अब हम पर जैसे नशा सा छा गया ऐसे चूम रहे थे एक दूसरे को की पूछो मत कभी मेरा हाथ उसकी जींस के ऊपर उसके लंड पर जाए तो कभी जीन्स के अंदर हाथ डाल देती वो भी अब तेज हो गया उसने मेरे होठों को चूसना शुरू किया जो बहुत ही मज़ेदार की किश हुई | हम पूरी तरह गर्म हो गए थे फिर उसने धीरे धीरे मेरे बदन को सहलाना शुरू किया मेरी कमर के पास कंधों पर टॉप के नीचे पीठ की साइट में, मैं बहुत ही गर्म हो गई थी मेने उसके लंड को कस कर पकड़ लिया और जींस को उतरने की कोशिस कर रही थी तभी उसने अपने हाथ को मेरे मुमो पर रख दिया और मेरे रसीले चुचो को मसल रहा था मैने जींस खोल दी तब वह मेरी ब्रा जो व्हाइट कलर की थी उसको पीछे से खोल दिया और उतार कर साइट में फेंक दी अब मेरे चूजे उछाल उछालकर हवा में फुदकने लगे थे मेरे मुमो को बहुत तेजी से मसलने लगा मुझे पता नहीं क्या हो रहा था एकदम पागल सी हो गई थी मुझे इससे पहले दबाने में कभी इतना मज़ा नहीं आया था |
साफ कहु तो मेरी चुदाई पहले हो चुकी थी मेरे पहले बॉयफ्रेंड से उसके लंड में इतना दम नहीं था इस कारण हमारा ब्रेकउप हो गया छोड़ो उन बातो को आगे शुरू करते हे फिर उसने मेरे टॉप उतार दिया मैं ऊपर से नंगी हो गयी वो भी मदहोस हो रहा था तब मैने उसकी जीन्स उतर डालीं वो फ़्रेंच में था फिर वो मेरे मुमो को चूसने लगा एक वो दबा रहा था दूसरे को वो चूस रहा था कैसी फीलिंग थी वो |
मैने उसके कान में कहा जान अब बर्दाश्त नहीं होता खा जाओ उफ्फ आ तब उसने तेजी से चूसना शुरू कर दिया उस का एक हाथ मेरे ताउगार के अंदर चला गया मेरी चूत तब तक पूरी गिली हो चुकी थी वो मेरी चुत के अंदर ऊँगली डालकर फिलिंगर करने लगा आह दोस्तों में आपको मेरी फीलिंग एक्सप्लेन नहीं कर सकती | अब मेरी चुदास भड़क उठी थी मैं खुद अपने टावर उतारने लगी तो उसने रोक दिया और सामने पड़े बिस्तर पर मुझे धकेल दी और मुमो को चूसते चूसते निपल को काटते हुए मेरे पेट के छेद को चाटने लगा मैं मचलने लगी अपनी जीभ से मेरे पेट के छेद को पूरी तरह चाटे जा रहा था फिर ट्राउजर उतार दी अब मैं सिर्फ पिंक पेंटी में थी और वो उसको बिना उतारे साइट में करके मेरी गीली चुत का रस पीने लगा मस्त फीलिंग थी ओह मैं आये भरने लगी वो अपने मुँह से मेरी पैंट उतारने लगा पेंटी उतारते उतारते मेरी चुत को भी चाटे जा रहा था तब तक में बहुत ज्यादा गर्म हो गई थी मेरी आँखें बंद थीं मैं कह रही थी जान तपाओ मत डाल दो अपने आठ इंच लंबे मोटे लंड को मेरी तड़पती गीली चुत में उसने अपने पूरे कपड़े उतार दिए अब हम दोनों नगे थे मुझसे रहा नहीं गया उसके लहराते लौड़े को देखकर मैं भी पागल हो गयी वो अपने लंड को मेरे मुँह के पास ले आया में तो एकदम तैयार थी मैने झट से अंदर ले लिया और उसके टोपे को लपक कर चूसने लगीं बहुत मज़ा आ रहा था उसका लंड मेरे मुँह में पूरा नहीं जा रहा था फिर भी मैं उसका जितना ले सकती ले लिया और चूसने लगीं अब हम पागल से हो गए थे मेने कहा जान अब और मत तड़पाओ डाल दो अपना लंड मेरी चुत में उसने मेरी कमर के नीचे तकिया लगाया और अपना पिंक टोपा मेरी पिंक चुत पर सेट कर दिया और जट से मेरी चुत में डाल दिया मेरी तो चिक निकल गई और मेने उसके लंड को मेरी चुत से जट से अलग कर दिया ऐसा लगा कि किसी ने मेरी चुत में लोहे की रोड डाल दी हो |
वो मेरे पास आया और कहने लगा अगर तुम नहीं चाहती तो हम नहीं करेंगे बस उसकी इस बात ने मेरे दिल को छू लिया, मेने अपने मुमो को फिर से उसके मुँह में दे दिया और मैं फिर से गीली हो गई वो मेरी चुत चाटने लगा धीरे धीरे मुझे मज़ा आने लगा मानो जैसे मदहोस हो गई थी मैने कहा जान अब और सहा नहीं जाता उस ने बिना देर किए आधा लंड मेरी चुत में घुसा दिया मैं दर्द से तडप पड़ी आवाज बाहर न जाएं इसलिए मैने उसका हाथ अपने मुँह पर रखवा लिया और उससे बिना रुके मेरी चुत की चुदाई शुरू करवा दी उसने धीरे धीरे धक्के मारने स्मार्ट कर दिए मुझे मज़ा आने लगा मानो जन्नत मिल गई l मैने उसका हाथ हटा दिया मैं आँखें बंद कर सिसक रही थी जान तेज तेज करो पैल दो मुझे अपने इस मोटे लंड से उसने तेज झटके मारने स्टार्ट किये कि मैं पागल हो गयी झटके पर झटके मारते रहे बिस्तर भी हल्की आवाज़ करने लगा इतनी हवस होने के बावजूद में उसका पुरा लंड अपनी चुत में लेने सक्षम नहीं थी, इसी तरह वो मुझे चोद रहा था और में उससे चुदवाने का पूरा मजा ले रही थी |
फिर मेने कहा जान डॉगी स्टाइल में चोदो मुझे तो फिर उसने मुझे डॉगी बनाया और अपना खड़ा लंड मेरी चुत में पैल दिया और वो अब धक्के पे धक्के मरने लगा जिससे मेरी चुत आवाज करने लगी उसके आड़े मेरी चूतड़ों से जोर जोर से टकरा रहे थे जिससे यह आवाजे आ रही थी इसी तरह वो मुझे काफी देर तक तेजी के साथ चोदता रहा तब तक में 2 बार झड़ चुकी थी और थोड़ी देर बाद वो भी झड़ गया इस तरह हम चुद चुद कर बेहाल से हो गए और उसी पलग पर एक दूसरे से चिपक कर वही पर सो गए घंटे भर बाद आँख खुली तो देखा की दोनों ऐसे की नगे एक दूसरे से चिपके पड़े थे, फिर हम दोनों बाथरूम में गए और एक दूसरे को साफ किया फिर थोड़ी देर बाद मेरे को ऐसास हुआ की मेरी चुत दर्द कर रही हे फिर जब मेने निचे देखा तो पता चला की वो निचे से थोड़ी कट गई थी फिर हम दोनों ने मिलकर वहा दवाई लगाई और फिर हम दोनों वही पर सो गए |
दोस्तों यह हे मेरे चुदाई की कहानी और अब तो मेरी शादी हो गई हे और अब में जब भी अपनी मम्मी के घर आती हु तो इससे एक बार जरूर चुदती हु मुझे आज भी इससे चुदने में मजा आता हे और दोस्तों आपको सच बताती हु की उसका पूरा लंड मेरी चुत में लेने के लिए मुझे कई महीने लग गए | मेरे पति का लंड इससे छोटा हे इस कारण मुझे उनसे चुदने में इतना मजा नहीं आता है l
Comments
Post a Comment